Ticker

6/recent/ticker-posts

Advertisement

Responsive Advertisement

मन्दिर से हिरण का खाल बरामद, पुजारी गिरफ्तार, पुजारी के समर्थन में सैकड़ों ग्रामीणों ने किया वन कार्यालय का घेराव


मन्दिर से हिरण का खाल बरामद, पुजारी गिरफ्तार


एसएसबी एवं वन विभाग की संयुक्त टीम ने मुखबिर की सूचना पर की थी छापेमारी


पुजारी के समर्थन में सैकड़ों ग्रामीणों ने किया वन कार्यालय का घेराव


श्रावस्ती। सिरसिया थाना क्षेत्र अन्तर्गत मसहा कला के लंबू पुरवा में एक मंदिर से सशस्त्र सीमा बल व वन विभाग की संयुक्त टीम ने छापा मारकर हिरण का खाल बरामद किया है। जानकारी के अनुसार नेपाल सीमा से सटे ग्राम मसहा कला के मजरा लंबू पुरवा में बीती रात मुखबिर की सूचना पर सशस्त्र सीमा बल की 62वीं बटालियन व पश्चिमी सोहेलवा रेंज के वन कर्मियों द्वारा संयुक्त छापेमारी की गई। जहां पर एक मंदिर के अंदर से हिरण का खाल बरामद हुआ। मन्दिर से हिरण की खाल बरामद होने पर छापेमारी टीम ने मंदिर के पुजारी जगराम पुत्र गया प्रसाद को अपने हिरासत में लेकर वन रेंज कार्यालय ताल बघौड़ा पहुंची। जहां पर एसएसबी एवं वन विभाग के अधिकरी पुजारी से पूछताछ करने में जुटे हुए हैं।


जिसकी जानकारी होने पर बुधवार सुबह लंबू पुरवा और मसहा कला के सैकड़ों ग्रामीण थाना सिरसिया का घेराव करने पहुंच गए। थाने पर ग्रामीणों की भारी भीड़ देखकर थानाध्यक्ष जबतक कुछ समझ पाते ग्रामीणों ने नारेबाजी शुरू कर दिया। इस दौरान थानाध्यक्ष ने ग्रामीणों से बात कर इस पूरे मामले से अपनी अनभिज्ञता जताई। जिसके बाद सारे ग्रामीण थाने से पन्द्रह किलोमीटर दूर पश्चिमी सोहेलवा वन रेंज कार्यालय पहुंच गए। जहां पर ग्रामीणों की भारी भीड़ देखकर वन रेंज अधिकारी ने कार्यालय गेट को अन्दर से बंद करवा दिया। ग्रामीणों का आरोप था कि पुजारी को गलत तरीके से एसएसबी व वन विभाग की टीम द्वारा फसाया जा रहा है। ग्रामीणों का यह भी कहना है कि वन विभाग एवं एसएसबी ने सुनियोजित ढंग से मंदिर के पुजारी को फसाया है। इस दौरान ग्रामीणों ने देर शाम तक वन विभाग के कार्यालय पर विरोध प्रदर्शन करते रहे। ग्रामीणों के भारी विरोध के बीच वन विभाग ने आरोपी पुजारी को न्यायलय पर पेश करने के लिए भिनगा के लिए रवाना हो गई है। वहीं दूसरी तरफ ग्रामीणों ने पुजारी के समर्थन में कलेक्ट्रेट जाकर धरना प्रदर्शन करने की रणनीति बनाने में जुट गए हैं। पुजारी के समर्थन में जिला पंचायत सदस्य, ग्राम प्रधान, क्षेत्र पंचायत सदस्य, क्षेत्र के संभ्रांत व्यक्तियों समेत सैकड़ों लोग मौजूद रहे। इस सन्दर्भ में वन क्षेत्राधिकारी प्रेम शंकर तिवारी ने बताया कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है। यदि पुजारी को गलत ढंग से फसाया गया होगा तो दोषियों पर कड़ी कार्यवाही की जायेगी।