उन्नाव के माखी दुष्कर्म कांड के खिलाफ कांग्रेस उतरी सड़क पर, कांग्रेसियों को हिरासत में लेकर बसों में ढूंसा

उन्नाव के माखी दुष्कर्म कांड के खिलाफ कांग्रेस उतरी सड़क पर, कांग्रेसियों को हिरासत में लेकर बसों में ढूंसा


उन्नाव के  माखी दुष्कर्म कांड के खिलाफ मंगलवार को कांग्रेस सड़क पर उतर आई। प्रदेश भाजपा मुख्यालय का घेराव तो पुलिस ने नहीं करने दिया लेकिन, पुलिस को चकमा देकर कांग्रेसी भाजपा कार्यालय के ठीक सामने पहुंच गए। कांग्रेसी वहीं धरने पर बैठ गए और सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी शुरू कर दी।बाद प्रदर्शनकारियों को हिरासत में ले लिया गया


प्रियंका वाड्रा के निर्देश पर कांग्रेस ने सरकार को घेरा 


सोनभद्र नरसंहार के बाद माखी दुष्कर्म कांड पर भी प्रियंका वाड्रा के निर्देश पर कांग्रेस ने सरकार को घेरना शुरू कर दिया है। कांग्रेस विधानमंडल दल के नेता अजय कुमार लल्लू कुछ कार्यकर्ताओं के साथ रात भर जीपीओ स्थित महात्मा गांधी की प्रतिमा के सामने धरने पर बैठे रहे। पार्टी हाईकमान के निर्देश पर सुबह भाजपा प्रदेश मुख्यालय घेरने का कार्यक्रम तय हुआ। मंगलवार सुबह 11 बजे तक कांग्रेस कार्यकर्ता जीपीओ के पास एकत्र हो गए। लगातार नारेबाजी करते रहे।फिर 12.20 बजे अचानक कार्यकर्ताओं ने भाजपा कार्यालय की ओर कूच कर दिया। भाजपा कार्यालय से लगभग 50 मीटर पहले पुलिस ने बेरिकेडिंग कर रखी थी। कांग्रेस विधानमंडल दल नेता अजय कुमार लल्लू और उपनेता आराधना मिश्रा सहित तमाम कार्यकर्ता बेरिकेडिंग पर चढ़ गए। पुलिस उनसे जूझती रही तब तक, प्रदेश महामंत्री द्विजेन्द्र राम त्रिपाठी, वीरेंद्र मदान अन्य कार्यकर्ताओं के साथ सड़क पार कर दूसरी तरफ से भाजपा कार्यालय के ठीक सामने पहुंचकर नारेबाजी करने लगे।


कांग्रेसियों को हिरासत में लेकर बसों में ढूंसा



पुलिस ने तुरंत भाजपा कार्यालय के दरवाजे बंद किए और कार्यकर्ताओं को रोक लिया। इधर, मौका मिलते ही आराधना मिश्रा दूसरी तरफ से भाजपा कार्यालय के सामने पहुंच गईं। जैसे तैसे उन्हें रोका तो कार्यकर्ताओं के साथ बीच रास्ते पर धरने पर बैठ गईं। राष्ट्रीय प्रवक्ता अखिलेश प्रताप सिंह भी कार्यालय के सामने पहुंच गए। इस पर जबरन कांग्रेसियों को हिरासत में लेकर बसों में ढूंस दिया गया। सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए कांग्रेसी यही मांग बुलंद करते रहे कि दुष्कर्म के आरोपित विधायक कुलदीप सेंगर को बर्खास्त करो। अभी भी लगभग 100 कार्यकर्ता धरने पर बैठे प्रदर्शन कर रहे हैं।


एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ